UP Free Laptop Yojana 2026: उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा राज्य के मेधावी छात्र-छात्राओं को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने और आधुनिक डिजिटल शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से चलाई जाने वाली फ्री लैपटॉप व डिजिटल डिवाइस वितरण योजना हमेशा विद्यार्थियों के बीच चर्चा का केंद्र बनी रहती है। डिजिटल क्रांति के इस दौर में उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और तकनीकी कौशल सीखने के लिए डिजिटल गैजेट्स बेहद आवश्यक हो चुके हैं। सरकार की इस महत्वाकांक्षी पहल का मुख्य लक्ष्य आर्थिक रूप से कमजोर पृष्ठभूमि से आने वाले प्रतिभाशाली युवाओं को तकनीकी साधन उपलब्ध कराना है, ताकि संसाधनों के अभाव में किसी भी होनहार छात्र की पढ़ाई बाधित न हो सके।
UP Free Laptop Yojana 2026: किन छात्रों को मिलेगा योजना का लाभ और क्या हैं मुख्य पात्रता शर्तें
इस योजना के तहत लाभ प्राप्त करने के लिए छात्र का उत्तर प्रदेश का स्थायी मूल निवासी होना अनिवार्य है। योजना के मुख्य पात्रता मानदंड शैक्षणिक योग्यता और बोर्ड परीक्षा के प्रदर्शन पर आधारित होते हैं। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) से हाईस्कूल (10वीं) और इंटरमीडिएट (12वीं) की परीक्षा न्यूनतम 65 प्रतिशत या उससे अधिक अंकों के साथ उत्तीर्ण करने वाले मेधावी छात्र मुख्य रूप से इस चयन प्रक्रिया के दायरे में आते हैं।
इसके अतिरिक्त 12वीं पास करने के बाद राज्य के मान्यता प्राप्त राजकीय, सहायता प्राप्त अथवा निजी उच्च शिक्षण संस्थानों में स्नातक (UG), स्नातकोत्तर (PG), इंजीनियरिंग, मेडिकल, पॉलिटेक्निक, आईटीआई (ITI) अथवा अन्य व्यावसायिक व तकनीकी डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में नियमित रूप से प्रवेश लेने वाले छात्र भी इसके लिए पात्र माने जाते हैं। आर्थिक मापदंड के तौर पर छात्र के परिवार की सभी स्रोतों से वार्षिक आय सरकार द्वारा निर्धारित सीमा (सामान्यतः दो लाख रुपये प्रति वर्ष से कम) के भीतर होनी चाहिए, ताकि वास्तविक जरूरतमंद छात्रों को प्राथमिकता दी जा सके।
आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेजों की सूची
योजना के अंतर्गत आवेदन और डेटा सत्यापन की प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन माध्यम से संचालित की जाती है। राज्य सरकार के आधिकारिक पोर्टल ‘डिजी शक्ति’ (Digi Shakti Portal) और संबंधित विभागीय वेबसाइट्स के जरिए योग्य छात्रों की सूची तैयार की जाती है। अधिकांश मामलों में शिक्षण संस्थान स्वयं अपने पंजीकृत व नियमित छात्रों का प्रामाणिक डेटा पोर्टल पर अपलोड करते हैं, जिसके बाद जिला स्तरीय नोडल अधिकारियों द्वारा दस्तावेजों की गहन जांच की जाती है।
ऑनलाइन फॉर्म भरने या सत्यापन के समय छात्रों को अपने सभी जरूरी शैक्षणिक व पहचान प्रमाण पत्र तैयार रखने होते हैं। इनमें छात्र की 10वीं और 12वीं कक्षा की मूल अंकतालिका, उत्तर प्रदेश का वैध मूल निवास प्रमाण पत्र (डोमिसाइल सर्टिफिकेट), सक्षम अधिकारी द्वारा जारी पारिवारिक आय प्रमाण पत्र, वर्तमान कॉलेज या संस्थान का आईडी कार्ड व प्रवेश रसीद, पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ और आधार कार्ड शामिल हैं। पोर्टल पर पंजीकृत मोबाइल नंबर का सक्रिय होना भी अनिवार्य है, ताकि सत्यापन से जुड़े ओटीपी और सूचनाएं समय पर मिल सकें।
UP Free Laptop Yojana 2026: गलत जानकारी देने पर निरस्त हो सकता है आवेदन, बरतें जरूरी सावधानी
आवेदन प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गलत विवरण दर्ज करने से छात्र योजना के लाभ से वंचित हो सकते हैं। मार्कशीट में दर्ज नाम, जन्मतिथि और पिता के नाम का मिलान पहचान पत्र व आधार के विवरण से पूरी तरह होना चाहिए। यदि दस्तावेजों में कोई तकनीकी विसंगति पाई जाती है, तो सत्यापन के दौरान आवेदन अस्वीकृत कर दिया जाता है।
इसके अलावा जिन छात्रों ने पूर्व में राज्य सरकार की किसी अन्य योजना के अंतर्गत मुफ्त लैपटॉप, टैबलेट अथवा स्मार्टफोन का लाभ प्राप्त कर लिया है, वे इस योजना के लिए दोबारा पात्र नहीं होते हैं। छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी अनाधिकृत लिंक या साइबर कैफे के भ्रामक दावों से बचें और केवल उत्तर प्रदेश सरकार के आधिकारिक पोर्टल व अपने कॉलेज प्रशासन के माध्यम से ही अपने पंजीकरण की स्थिति की जांच करें। समय रहते सही दस्तावेजों के साथ प्रक्रिया पूरी कराने वाले मेधावी छात्रों को सत्यापन के उपरांत जिला प्रशासन द्वारा आयोजित विशेष वितरण समारोहों में डिवाइस सौंपी जाती है।
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सूचना का स्रोत:
DigiShakti पोर्टल, उत्तर प्रदेश सरकार: https://digishaktiup.in/app
उत्तर प्रदेश सरकार का आधिकारिक पोर्टल: https://upcmo.up.nic.in





