इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) ने 5 नवंबर 2026 के दोपहर बाद (क्लोजिंग) भाव जारी कर दिए हैं। इसके अनुसार 24 कैरेट (999) सोना ₹1,44,129 प्रति 10 ग्राम और चांदी 999 ₹1,87,300 प्रति किलो है। सुबह के मुकाबले 24 कैरेट सोना ₹179 महंगा हुआ है।
22 कैरेट (916) सोने का भाव ₹1,32,022 प्रति 10 ग्राम है, जिसका इस्तेमाल ज्यादातर गहनों में होता है।

IBJA के आज के भाव (5 नवंबर 2026)
| धातु | सुबह (AM) | शाम (PM) |
|---|---|---|
| सोना 999 (24 कैरेट) | ₹1,43,950 | ₹1,44,129 |
| सोना 995 | ₹1,43,374 | ₹1,43,552 |
| सोना 916 (22 कैरेट) | ₹1,31,858 | ₹1,32,022 |
| सोना 750 (18 कैरेट) | ₹1,07,963 | ₹1,08,097 |
| सोना 585 (14 कैरेट) | ₹84,211 | ₹84,315 |
| चांदी 999 (प्रति किलो) | ₹1,87,882 | ₹1,87,300 |
कैरेट और सोने की शुद्धता के बीच का अंतर समझें
सोना खरीदते समय कैरेट शब्द का बहुत महत्व होता है क्योंकि यह धातु की शुद्धता को दर्शाता है। बाजार में उपलब्ध सोने के अलग अलग प्रकार जैसे 24 कैरेट, 22 कैरेट, 18 कैरेट और 14 कैरेट की अपनी विशेषताएं होती हैं। 24 कैरेट सोने को सबसे शुद्ध माना जाता है जिसे 999 शुद्धता के रूप में भी पहचाना जाता है। डेटा के अनुसार इसका भाव ₹1,44,129 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गया है। यह सोना इतना नरम होता है कि इससे जटिल गहने बनाना संभव नहीं होता है, इसलिए इसका उपयोग मुख्य रूप से निवेश के लिए सिक्कों या ईंटों के रूप में किया जाता है। जब हम 22 कैरेट सोने की बात करते हैं, जिसे 916 शुद्धता कहा जाता है, तो इसमें सोने के साथ कुछ अन्य धातुएं मिलाई जाती हैं ताकि गहने मजबूत बन सकें। इसका भाव ₹1,32,022 प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया है।
शुद्धता का स्तर जैसे जैसे कम होता है, सोने की कीमत भी उसी अनुपात में कम होती जाती है। उदाहरण के लिए, 18 कैरेट सोने का भाव ₹1,08,097 प्रति 10 ग्राम है, जिसे 750 शुद्धता के नाम से जाना जाता है। इस प्रकार के सोने का उपयोग अक्सर हीरे या अन्य कीमती पत्थरों से जड़े गहनों में किया जाता है क्योंकि यह पत्थरों को पकड़ने के लिए पर्याप्त मजबूती प्रदान करता है। सबसे कम शुद्धता वाला सोना 14 कैरेट यानी 585 शुद्धता का होता है, जिसका भाव ₹84,315 प्रति 10 ग्राम है। ग्राहकों को यह समझना चाहिए कि कैरेट जितना अधिक होगा, सोने की शुद्धता और उसकी कीमत उतनी ही अधिक होगी। सुबह और शाम के भावों में जो अंतर आता है, जैसे 24 कैरेट में ₹179 की वृद्धि देखी गई, वह बाजार की अस्थिरता को दर्शाता है।
आईबीजेए और दुकान के भाव में अंतर का मुख्य कारण
अक्सर ग्राहक इस बात को लेकर उलझन में रहते हैं कि इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन द्वारा जारी किए गए भाव और उनकी स्थानीय दुकान के भाव में अंतर क्यों होता है। इसका मुख्य कारण यह है कि आईबीजेए द्वारा जारी किए गए भाव जैसे कि 24 कैरेट के लिए ₹1,44,129 या 22 कैरेट के लिए ₹1,32,022, केवल आधार मूल्य होते हैं। इन कीमतों में सरकार द्वारा लगाया जाने वाला जीएसटी शामिल नहीं होता है। जब आप दुकान से सोना खरीदते हैं, तो इस आधार मूल्य पर टैक्स जोड़ा जाता है जिससे अंतिम कीमत बढ़ जाती है। इसके अलावा, गहनों के निर्माण में लगने वाली मेहनत और कलाकारी के लिए ज्वैलर मेकिंग चार्ज भी वसूलते हैं।
मेकिंग चार्ज हर गहने की बनावट और डिजाइन के आधार पर अलग हो सकता है। यही कारण है कि 22 कैरेट सोने का भाव ₹1,32,022 होने के बावजूद, जब वह गहने के रूप में आपके पास आता है, तो उसकी लागत काफी अधिक हो जाती है। चांदी के मामले में भी यही नियम लागू होता है, जहां 999 शुद्धता वाली चांदी का भाव ₹1,87,300 प्रति किलो है, लेकिन इस पर भी अतिरिक्त शुल्क लागू होते हैं। ग्राहकों को खरीदारी करते समय हमेशा यह पूछना चाहिए कि सोने का मूल भाव क्या है और उस पर कितना टैक्स और मेकिंग चार्ज लगाया जा रहा है। सुबह के भाव ₹1,43,950 और शाम के भाव ₹1,44,129 के बीच का बदलाव यह भी बताता है कि सोने की कीमतें दिन भर स्थिर नहीं रहती हैं।
बीआईएस हॉलमार्क और एचयूआईडी की जांच क्यों है जरूरी
सोने की शुद्धता सुनिश्चित करने के लिए बीआईएस हॉलमार्क एक सरकारी गारंटी की तरह काम करता है। जब आप 22 कैरेट यानी 916 शुद्धता वाला सोना खरीदते हैं, तो उस पर हॉलमार्क का निशान होना अनिवार्य है। यह निशान इस बात का प्रमाण है कि सोने की शुद्धता की जांच एक मान्यता प्राप्त केंद्र द्वारा की गई है। इसके साथ ही अब एचयूआईडी कोड का चलन भी बढ़ गया है। यह एक विशिष्ट पहचान संख्या होती है जो हर गहने को एक अलग पहचान देती है। इससे सोने की चोरी की संभावना कम होती है और इसकी शुद्धता को डिजिटल रूप से ट्रैक किया जा सकता है।
यदि आप 18 कैरेट सोना खरीद रहे हैं जिसका भाव ₹1,08,097 है, तो उस पर 750 का अंक अंकित होना चाहिए। इसी तरह 14 कैरेट के लिए 585 का अंक शुद्धता की पहचान है। डेटा में दिए गए विभिन्न भाव जैसे ₹1,43,552 (सोना 995) या ₹84,315 (सोना 585) यह बताते हैं कि हर स्तर की शुद्धता के लिए अलग मानक तय हैं। हॉलमार्क वाले गहने खरीदने का सबसे बड़ा फायदा यह होता है कि जब आप भविष्य में उन्हें बेचने या बदलने जाते हैं, तो आपको उस समय के प्रचलित भाव के अनुसार सही कीमत मिलती है। बिना हॉलमार्क वाले सोने में शुद्धता की कमी होने का जोखिम रहता है, जिससे ग्राहकों को आर्थिक नुकसान हो सकता है।
सोना और चांदी खरीदते समय बरतें ये सावधानियां
कीमती धातुओं की खरीदारी करते समय कुछ महत्वपूर्ण बातों का ध्यान रखना बहुत आवश्यक है। सबसे पहले, खरीदारी के दिन के सटीक भाव की जानकारी रखें। जैसा कि डेटा में दिखाया गया है, 5 नवंबर 2026 को चांदी का भाव सुबह ₹1,87,882 था जो शाम को घटकर ₹1,87,300 हो गया। कीमतों में इस तरह की गिरावट या बढ़त आपकी जेब पर सीधा असर डालती है। हमेशा पक्का बिल मांगें जिसमें सोने का वजन, कैरेट, हॉलमार्किंग शुल्क और टैक्स का स्पष्ट विवरण हो। बिल होने से भविष्य में किसी भी विवाद की स्थिति में आपके पास कानूनी प्रमाण रहता है।
निवेश के नजरिए से देखें तो 24 कैरेट सोना जिसका क्लोजिंग भाव ₹1,44,129 है, सबसे बेहतर विकल्प माना जाता है। वहीं अगर आप गहने पहनना चाहते हैं, तो 22 कैरेट या 18 कैरेट के विकल्पों पर विचार करें। चांदी की खरीदारी करते समय भी शुद्धता का ध्यान रखें क्योंकि 999 शुद्धता वाली चांदी ही निवेश के लिए सबसे उपयुक्त है। बाजार में सोने के भाव दिन में दो बार बदलते हैं, इसलिए खरीदारी से ठीक पहले ताजा भाव चेक करना एक समझदारी भरा कदम है। सुबह का भाव ₹1,43,950 और दोपहर बाद का भाव ₹1,44,129 होने का मतलब है कि कुछ ही घंटों में कीमतों में बदलाव आ सकता है, इसलिए समय का चुनाव भी महत्वपूर्ण है।
सोने के भाव प्रति 10 ग्राम और चांदी के भाव प्रति किलो हैं। IBJA के भाव में GST और ज्वैलर का मेकिंग चार्ज शामिल नहीं होता, इसलिए दुकान पर अंतिम कीमत ज्यादा हो सकती है। IBJA दिन में दो बार, सुबह और दोपहर बाद, भाव जारी करता है।
यह भी पढ़ें: सोना चांदी का भाव 5 नवंबर 2026 (सुबह): 24 कैरेट सोना ₹1,43,950, चांदी ₹1,87,882 प्रति किलो





