दिवाली पर मुहूर्त ट्रेडिंग का विशेष सत्र
दिवाली के पावन अवसर पर शेयर बाजार में एक विशेष मुहूर्त ट्रेडिंग सत्र का आयोजन किया जा रहा है। हालांकि आज रविवार है, फिर भी निवेशक इस सत्र के दौरान बाजार में भागीदारी कर सकेंगे। यह परंपरा हिंदू वित्तीय वर्ष संवत 2083 की शुरुआत का प्रतीक मानी जाती है और दलाल स्ट्रीट पर निवेशकों के लिए निवेश का एक महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करती है। धनतेरस, नरक चतुर्दशी, दिवाली, गोवर्धन पूजा और भाई दूज जैसे त्योहारों की श्रृंखला के बीच निवेशक इस विशेष सत्र का लाभ उठा सकते हैं। यह सत्र निवेशकों को पारंपरिक निवेश करने का एक अनूठा अवसर देता है, जो बाजार के सामान्य कैलेंडर से हटकर एक विशेष आयोजन है।

ट्रेडिंग सत्र का विस्तृत समय और प्रक्रिया
मुहूर्त ट्रेडिंग सत्र की समय सारणी को विशेष रूप से व्यवस्थित किया गया है। यह सत्र दोपहर 2:05 बजे प्री-ओपन प्रक्रिया के साथ शुरू होगा। दोपहर 2:10 बजे तक निवेशक मार्केट और लिमिट ऑर्डर दे सकेंगे, जबकि 2:10 से 2:15 बजे के बीच केवल लिमिट ऑर्डर स्वीकार किए जाएंगे। इसके बाद दोपहर 2:15 से 2:17 बजे तक ऑर्डर मैचिंग और कन्फर्मेशन की प्रक्रिया संपन्न होगी। दोपहर 2:17 से 2:20 बजे तक का समय बफर अवधि के लिए निर्धारित है, जिसके तुरंत बाद दोपहर 2:20 बजे से नियमित ट्रेडिंग शुरू हो जाएगी। यह ट्रेडिंग शाम 3:30 बजे तक जारी रहेगी और सत्र के अंतिम चरण में एक्सचेंज क्लोजिंग ऑक्शन की प्रक्रिया भी पूरी की जाएगी।
परंपरा और ऐतिहासिक महत्व
मुहूर्त ट्रेडिंग की शुरुआत 1957 में बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज द्वारा की गई थी और 1992 में इसे नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ने भी अपनाया। यह सत्र चोपड़ा पूजन से गहरा संबंध रखता है, जिसमें ब्रोकर अपने बही-खातों की पूजा करते हैं। यह अनुष्ठान नए वित्तीय वर्ष की शुभ शुरुआत का प्रतीक माना जाता है। निवेशक इस समय को लक्ष्मी पूजा के साथ जोड़कर देखते हैं और समृद्धि की कामना करते हुए बाजार में प्रवेश करते हैं। यह परंपरा न केवल वित्तीय लेनदेन का माध्यम है, बल्कि भारतीय संस्कृति और व्यापारिक मूल्यों का एक संगम भी है, जो निवेशकों के बीच काफी लोकप्रिय है।
आगामी छुट्टियां और कमोडिटी बाजार का शेड्यूल
रविवार के इस विशेष सत्र के बाद, मंगलवार 10 नवंबर को दिवाली-बलिप्रतिपदा के कारण इक्विटी बाजार में अवकाश रहेगा। इस दिन इक्विटी सेगमेंट पूरी तरह बंद रहेगा। हालांकि, कमोडिटी बाजार के लिए नियम अलग हैं। कमोडिटी मार्केट में दिवाली के दौरान कामकाज सामान्य रूप से चलता रहेगा। एमसीएक्स पर भी मुहूर्त ट्रेडिंग सत्र आयोजित किया जाएगा, जिसका समय बाद में घोषित किया जाएगा। दिवाली-बलिप्रतिपदा के दिन कमोडिटी सेगमेंट खुला रहेगा, जबकि इक्विटी सेगमेंट में अवकाश रहेगा। साथ ही, मंगलवार को कमोडिटी बाजार में सुबह का सत्र बंद रहेगा, लेकिन शाम का सत्र सामान्य रूप से संचालित होगा, जो सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक और फिर शाम 5 बजे से रात 11:30 या 11:55 बजे तक विभाजित रहेगा।
निवेशकों के लिए बाजार का दृष्टिकोण
दिवाली के इस विशेष अवसर पर निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि इस दौरान सामान्य ट्रेडिंग के नियम या समय लागू नहीं होंगे। यह सत्र केवल एक घंटे के सीमित समय के लिए होता है, इसलिए बाजार में भागीदारी करने वाले निवेशकों को समय का विशेष ध्यान रखना चाहिए। दलाल स्ट्रीट पर होने वाली यह गतिविधि निवेशकों को संवत 2083 के स्वागत के लिए एक मंच प्रदान करती है। दिवाली के चौथे दिन मनाई जाने वाली बलिप्रतिपदा का भी बाजार की छुट्टियों पर असर पड़ता है, जिसे देश के कई हिस्सों में दैत्यराज बलि के आगमन के उपलक्ष्य में मनाया जाता है। निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे आगामी छुट्टियों के कैलेंडर को ध्यान में रखते हुए अपनी निवेश रणनीति तैयार करें।
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स्रोत: Prabhat Khabar





