दिल्ली में दिल्ली (विवाह का अनिवार्य पंजीकरण) आदेश 2014 के तहत शादी का पंजीकरण अनिवार्य किया गया है। पंजीकरण दिल्ली सरकार के राजस्व विभाग के तहत जिले के SDM यानी सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट कार्यालयों में होता है, और आवेदन ई-डिस्ट्रिक्ट पोर्टल पर ऑनलाइन शुरू किया जा सकता है। नवंबर में शादियों का मौसम शुरू होने वाला है, इसलिए यह जानकारी काम आएगी। जानिए दिल्ली विवाह पंजीकरण कैसे करें।
किस कानून के तहत
- **हिंदू विवाह अधिनियम 1955:** हिंदू, बौद्ध, जैन और सिख जोड़ों की हो चुकी शादी का पंजीकरण
- **विशेष विवाह अधिनियम 1954:** किसी भी धर्म के जोड़े, या अलग-अलग धर्मों के जोड़े, जिसमें नोटिस की प्रक्रिया होती है
आवेदन के समय सही कानून चुनें, क्योंकि दोनों की प्रक्रिया अलग है।

किसका पंजीकरण दिल्ली में
जिनकी शादी दिल्ली में हुई हो या जिनमें पति या पत्नी दिल्ली में रहते हों, वे उस इलाके के SDM कार्यालय में आवेदन करते हैं।
जरूरी दस्तावेज
आमतौर पर ये कागज मांगे जाते हैं:
- पति-पत्नी के पते का प्रमाण, जैसे आधार या वोटर आईडी
- उम्र का प्रमाण
- शादी की फोटो और शादी का कार्ड, अगर हो
- पासपोर्ट साइज फोटो
- गवाहों के पहचान पत्र
- तय प्रारूप में शपथ पत्र
ताजा सूची पोर्टल पर सेवा चुनने के बाद दिखती है।
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ऑनलाइन आवेदन के स्टेप
1. edistrict.delhigovt.nic.in पर जाएं और पंजीकरण करें
2. लॉगिन करके राजस्व विभाग की सेवाओं में विवाह पंजीकरण चुनें
3. सही कानून चुनें
4. पति, पत्नी, शादी और गवाहों की जानकारी भरें
5. दस्तावेज अपलोड करें और अपॉइंटमेंट की तारीख चुनें
6. तय शुल्क भरें और आवेदन का प्रिंट लें
SDM कार्यालय में
तय तारीख पर पति, पत्नी और गवाहों को मूल दस्तावेजों के साथ SDM कार्यालय जाना होता है। वहां जांच और हस्ताक्षर के बाद पंजीकरण होता है। विशेष विवाह अधिनियम में पहले नोटिस दिया जाता है और तय अवधि के बाद ही शादी या पंजीकरण होता है।
प्रमाण पत्र
पंजीकरण के बाद विवाह प्रमाण पत्र जारी होता है, जिसे पोर्टल से डाउनलोड करने या कार्यालय से लेने की सुविधा है। यह पासपोर्ट, वीजा, बैंक और बीमा में काम आता है।
देर से पंजीकरण
आदेश में शादी के बाद पंजीकरण के लिए समय सीमा तय है। देर होने पर भी पंजीकरण हो सकता है, लेकिन अतिरिक्त शर्तें या शुल्क लग सकता है। जल्द आवेदन करें।
आम गलतियां
- आधार और दूसरे कागजों में नाम अलग होना
- गलत SDM कार्यालय या गलत कानून चुनना
- अपॉइंटमेंट के दिन गवाह न लाना
सावधानी
सिर्फ आधिकारिक पोर्टल और कार्यालय से आवेदन करें। जल्दी प्रमाण पत्र दिलाने के नाम पर पैसे मांगने वालों से बचें।
क्या आर्य समाज या मंदिर का प्रमाण पत्र काफी है?
ये प्रमाण पत्र शादी होने का सबूत हो सकते हैं, लेकिन सरकारी विवाह पंजीकरण प्रमाण पत्र अलग है, जो SDM कार्यालय से जारी होता है।
स्रोत: राजस्व विभाग, दिल्ली सरकार, ई-डिस्ट्रिक्ट दिल्ली। जानकारी अक्टूबर 2026 तक की।





