ओमान में आयोजित अंडर 19 पुरुष एशिया कप में भारतीय टीम ने अपने शानदार प्रदर्शन को जारी रखते हुए नेपाल के खिलाफ एक बड़ी जीत दर्ज की है। इस मुकाबले में भारतीय टीम ने नेपाल को 10 विकेट के विशाल अंतर से मात दी, जिसमें सलामी बल्लेबाज आर्यवीर सहवाग की आक्रामक पारी का विशेष योगदान रहा। नेपाल की टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय गेंदबाजों के सामने टिक नहीं सकी और पूरी टीम कम स्कोर पर ही सिमट गई, जिसके बाद भारतीय सलामी जोड़ी ने बिना किसी नुकसान के लक्ष्य को हासिल कर लिया।

भारतीय गेंदबाजों का शुरुआती दबदबा और नेपाल की पारी
ओमान के मैदान पर खेले गए इस महत्वपूर्ण मुकाबले में भारतीय गेंदबाजों ने टॉस के बाद अपनी रणनीति को बखूबी अंजाम दिया। मैच की शुरुआत से ही भारतीय टीम ने नेपाल पर दबाव बनाना शुरू कर दिया था। नेपाल की टीम पहले बल्लेबाजी करने उतरी, लेकिन उनकी शुरुआत बेहद खराब रही। भारतीय गेंदबाज ईशान सूद ने अपनी धारदार गेंदबाजी से नेपाल के ऊपरी क्रम को झकझोर कर रख दिया। उन्होंने शुरुआती 5 ओवरों के भीतर ही नेपाल के दो महत्वपूर्ण विकेट चटका दिए, जिससे नेपाल की टीम बैकफुट पर आ गई। भारतीय गेंदबाजों ने अपनी कसी हुई लाइन और लेंथ को बरकरार रखा और विपक्षी बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का कोई मौका नहीं दिया। 9 ओवर का खेल होने तक नेपाल की स्थिति और भी खराब हो गई जब ईशान सूद ने अपना तीसरा विकेट लेते हुए नेपाल का स्कोर 3 विकेट पर 27 रन कर दिया।
नेपाल का मध्यक्रम संघर्ष और विकेटों का पतन
शुरुआती झटकों के बाद नेपाल की ओर से नीरज कुमार यादव ने कुछ संघर्ष करने की कोशिश की, लेकिन वह 20 रन बनाकर चौथे विकेट के रूप में पवेलियन लौट गए। उन्हें मनल चौहान ने अपना शिकार बनाया। इसके बाद दर्श सुनार और आशीष लुहार ने मिलकर पारी को संभालने का प्रयास किया और स्कोर को 94 रनों तक पहुंचाया। दर्श सुनार ने नेपाल की तरफ से सबसे अधिक 43 रनों की पारी खेली, जो उनकी टीम के लिए एकमात्र बड़ा व्यक्तिगत स्कोर रहा। हालांकि, भारतीय गेंदबाजों ने एक बार फिर वापसी की और नियमित अंतराल पर विकेट लेना जारी रखा। अर्जुन राजपूत ने भी बेहतरीन गेंदबाजी का प्रदर्शन करते हुए 3 विकेट हासिल किए। यशवीर गौड ने 2 विकेट लेकर नेपाल की पारी को समेटने में मदद की, जबकि मनल चौहान और काव्य पटेल को 1:1 विकेट मिला। पूरी नेपाली टीम 42.3 ओवरों में मात्र 128 रनों पर ऑल आउट हो गई।
आर्यवीर सहवाग की तूफानी बल्लेबाजी और अर्धशतक
129 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम के सलामी बल्लेबाजों ने शुरू से ही आक्रामक रुख अपनाया। वीरेंद्र सहवाग के बेटे आर्यवीर सहवाग ने मैदान पर उतरते ही अपने पिता के अंदाज में बल्लेबाजी शुरू की। उन्होंने नेपाली गेंदबाजों की जमकर धुनाई की और मैदान के हर कोने में शॉट लगाए। आर्यवीर ने अपनी पारी के दौरान केवल 34 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा कर लिया था। उनकी बल्लेबाजी में वही पुरानी आक्रामकता दिखाई दी जिसके लिए उनके पिता जाने जाते थे। आर्यवीर ने कुल 52 गेंदों का सामना किया और 134 की स्ट्राइक रेट से शानदार 70 रन बनाए। उनकी इस पारी में 7 चौके और 4 छक्के शामिल थे। उन्होंने अपनी पारी में कुल 11 बार गेंद को सीमा रेखा के पार पहुंचाया।
कप्तान लक्ष्य रायचंदानी का ठोस समर्थन और जीत
आर्यवीर सहवाग के साथ दूसरे छोर पर कप्तान लक्ष्य रायचंदानी ने भी बेहतरीन बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया। जहां एक तरफ आर्यवीर आक्रामक खेल रहे थे, वहीं लक्ष्य ने संभलकर खेलते हुए पारी को आगे बढ़ाया। लक्ष्य रायचंदानी ने 59 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। उन्होंने अपनी पारी में कुल 63 गेंदों का सामना किया और 7 चौकों की मदद से नाबाद 53 रन बनाए। दोनों सलामी बल्लेबाजों ने नेपाली गेंदबाजों को कोई भी मौका नहीं दिया और मात्र 19.1 ओवर में ही 129 रनों का लक्ष्य हासिल कर लिया। भारत ने यह मैच बिना किसी विकेट के नुकसान के 10 विकेट से जीत लिया। दोनों बल्लेबाज अंत तक नाबाद रहे और टीम को जीत दिलाकर ही वापस लौटे।
अंडर 19 एशिया कप में भारत की स्थिति
इस जीत के साथ भारतीय टीम ने टूर्नामेंट में अपनी मजबूत स्थिति दर्ज कराई है। भारतीय टीम के गेंदबाजों और बल्लेबाजों दोनों ने इस मैच में संतुलित प्रदर्शन किया। ईशान सूद और अर्जुन राजपूत की गेंदबाजी ने जहां नेपाल को कम स्कोर पर रोका, वहीं आर्यवीर और लक्ष्य की बल्लेबाजी ने मैच को एकतरफा बना दिया। नेपाल के लिए यह मुकाबला काफी चुनौतीपूर्ण रहा क्योंकि उनके बल्लेबाज भारतीय आक्रमण का सामना करने में विफल रहे। दर्श सुनार के 43 रनों के अलावा कोई भी अन्य बल्लेबाज बड़ी पारी नहीं खेल सका। भारत की इस जीत ने टीम के आत्मविश्वास को बढ़ाया है और आने वाले मैचों के लिए एक सकारात्मक संकेत दिया है।
स्रोत: India TV





