मूंग दाल का हलवा उत्तर भारत की उन मिठाइयों में है, जो सर्दियों और त्योहारों की पहचान हैं। राजस्थान और उत्तर प्रदेश में शादियों और दिवाली पर यह खास तौर पर बनता है। इसे बनाने में समय और धैर्य लगता है, लेकिन तरीका सही हो तो घर पर भी हलवाई जैसा दानेदार और खुशबूदार हलवा बनता है। जानिए मूंग दाल हलवा रेसिपी।
सामग्री, चार लोगों के लिए
- धुली मूंग दाल: 1 कप
- घी: करीब आधा से तीन चौथाई कप
- दूध: 1 कप
- पानी: आधा कप
- चीनी: पौन कप, स्वाद के अनुसार
- इलायची पाउडर: आधा छोटा चम्मच
- बादाम, काजू और पिस्ता: कटे हुए
- केसर: कुछ धागे, चाहें तो

दाल तैयार करें
मूंग दाल को अच्छी तरह धोकर 4 से 5 घंटे या रात भर पानी में भिगो दें। फिर पानी निकालकर दाल को मिक्सर में दरदरा पीस लें। पीसते समय पानी बहुत कम डालें, ताकि पेस्ट गाढ़ा रहे। बहुत बारीक पेस्ट से हलवा चिपचिपा बनता है, दानेदार नहीं।
भूनने का सही तरीका
यह हलवे का सबसे अहम चरण है।
- भारी तले की कड़ाही में घी गर्म करें
- दाल का पेस्ट डालें और लगातार चलाते रहें
- शुरुआत में पेस्ट गुठलियां बनाएगा और कड़ाही में चिपकेगा, यह सामान्य है
- आंच धीमी से मध्यम रखें और चलाना न छोड़ें
- करीब 25 से 40 मिनट में दाल सुनहरी-भूरी हो जाएगी और घी छोड़ने लगेगी
- खुशबू आने लगे और दाल दानेदार दिखे, तो भूनना पूरा माना जाता है
जल्दी के चक्कर में तेज आंच न करें, इससे दाल बाहर से जलेगी और अंदर कच्ची रहेगी।
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दूध और चीनी डालें
दूध और पानी को एक साथ गर्म कर लें। भुनी हुई दाल में धीरे-धीरे गर्म दूध डालें, क्योंकि इस समय भाप तेजी से उठती है। लगातार चलाते रहें। दूध सूखने लगे, तो चीनी डालें। चीनी घुलने पर हलवा थोड़ा पतला होगा, फिर पककर गाढ़ा होने लगेगा। इलायची और केसर डालें। जब हलवा कड़ाही छोड़ने लगे और किनारों पर घी दिखे, तो आंच बंद कर दें।
सजावट और परोसना
ऊपर से कटे हुए मेवे डालें। मूंग दाल का हलवा गर्म परोसा जाता है। ठंडा हो जाए, तो हल्का गर्म करके परोसें।
आम गलतियां
- दाल को बहुत बारीक पीसना
- भूनते समय चलाना छोड़ देना, जिससे दाल जल जाती है
- ठंडा दूध डालना
- कम भूनना, जिससे कच्चे की गंध रहती है
कम घी वाला विकल्प
पारंपरिक हलवे में घी ज्यादा लगता है। कम घी में बनाना हो, तो नॉन-स्टिक कड़ाही का इस्तेमाल करें और भूनने का समय थोड़ा बढ़ाएं। स्वाद थोड़ा अलग होगा, लेकिन हलवा हल्का बनेगा। मीठा और घी दोनों सीमित मात्रा में ही खाएं।
कितने दिन चलता है
फ्रिज में एयरटाइट डिब्बे में रखा हलवा तीन-चार दिन तक चल सकता है। खाने से पहले गर्म करें।
क्या मूंग दाल का हलवा पहले से बनाकर रखा जा सकता है?
हां, दिवाली से एक-दो दिन पहले बनाकर फ्रिज में रख सकते हैं। परोसते समय थोड़ा घी या दूध डालकर गर्म करें।
स्रोत: भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI): ईट राइट इंडिया। जानकारी अक्टूबर 2026 तक की।






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