नौकरी के लिए आवेदन करते समय कंपनी सबसे पहले आपका रिज्यूमे देखती है। कई बार भर्ती करने वाले के पास एक रिज्यूमे पर बहुत कम समय होता है, इसलिए उसका साफ, सटीक और पढ़ने में आसान होना जरूरी है। खासकर फ्रेशर्स को समझ नहीं आता कि अनुभव न होने पर क्या लिखें। इस लेख में जानिए रिज्यूमे कैसे बनाएं और किन बातों का ध्यान रखें।
रिज्यूमे और बायोडाटा में अंतर
भारत में अक्सर रिज्यूमे, सीवी और बायोडाटा को एक ही मान लिया जाता है। आमतौर पर रिज्यूमे छोटा दस्तावेज होता है, जिसमें नौकरी से जुड़ी पढ़ाई, स्किल और अनुभव का सार होता है। सीवी ज्यादा विस्तृत होता है और रिसर्च या अकादमिक क्षेत्र में ज्यादा इस्तेमाल होता है। फ्रेशर्स के लिए एक पेज का रिज्यूमे काफी रहता है।

रिज्यूमे में जरूरी सेक्शन
- नाम और संपर्क: पूरा नाम, मोबाइल नंबर, प्रोफेशनल ईमेल और शहर
- करियर उद्देश्य या प्रोफाइल सारांश: दो-तीन लाइन में आप कौन सी भूमिका चाहते हैं
- शिक्षा: डिग्री, कॉलेज, साल और जरूरत हो तो अंक या CGPA
- स्किल्स: तकनीकी और व्यवहारिक कौशल, जैसे कंप्यूटर, भाषा, संचार
- प्रोजेक्ट और इंटर्नशिप: आपने क्या किया और उसका नतीजा क्या रहा
- सर्टिफिकेट, उपलब्धियां और गतिविधियां
जन्मतिथि, पिता का नाम, धर्म या फोटो हर नौकरी के लिए जरूरी नहीं होते। अगर कंपनी या सरकारी फॉर्म में मांगा गया हो, तभी दें।
फ्रेशर्स अनुभव की जगह क्या लिखें
अनुभव न हो तो कॉलेज प्रोजेक्ट, इंटर्नशिप, अप्रेंटिसशिप, स्वयंसेवा, प्रतियोगिताएं और ऑनलाइन कोर्स आपकी ताकत हैं। हर प्रोजेक्ट के बारे में एक-दो लाइन में लिखें कि आपकी भूमिका क्या थी और आपने कौन सा टूल या कौशल इस्तेमाल किया। “मेहनती” या “टीम प्लेयर” जैसे शब्द लिखने के बजाय ऐसा उदाहरण दें, जिससे यह गुण दिखे। जो स्किल आप ठीक से नहीं जानते, उसे न लिखें, क्योंकि इंटरव्यू में उसी पर सवाल पूछे जा सकते हैं।
यह भी पढ़ें: Interview Tips: 'Tell Me About Yourself' सुनते ही उड़ जाते हैं होश? इस एक अचूक तरीके से दें परफेक्ट जवाब | UPSC सिविल सेवा परीक्षा पैटर्न: प्रारंभिक, मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू, उम्र सीमा, प्रयास और तैयारी की शुरुआत
फॉर्मेट और डिजाइन
साफ फॉन्ट, एक जैसे हेडिंग और पर्याप्त खाली जगह रखें। बहुत ज्यादा रंग, ग्राफिक या टेबल से बचें, क्योंकि कई कंपनियां रिज्यूमे को सॉफ्टवेयर से छांटती हैं और जटिल डिजाइन ठीक से पढ़ा नहीं जाता। फाइल को PDF में भेजें और नाम ऐसा रखें, जिसमें आपका नाम हो। नौकरी के विज्ञापन में मांगी गई स्किल्स को ध्यान से पढ़ें और ईमानदारी से अपने रिज्यूमे में उन्हीं से जुड़ा अनुभव पहले दिखाएं।
आम गलतियां जिनसे बचें
- स्पेलिंग और व्याकरण की गलतियां
- गलत या बंद मोबाइल नंबर और अप्रोफेशनल ईमेल आईडी
- हर कंपनी को एक ही रिज्यूमे भेजना
- बढ़ा-चढ़ाकर या झूठी जानकारी देना
भेजने से पहले रिज्यूमे को किसी शिक्षक या दोस्त से एक बार पढ़वा लें। नौकरी खोजने के लिए श्रम मंत्रालय के नेशनल करियर सर्विस पोर्टल पर भी प्रोफाइल बनाई जा सकती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
फ्रेशर का रिज्यूमे कितने पेज का हो?
आमतौर पर एक पेज काफी होता है। ज्यादा प्रोजेक्ट या उपलब्धियां हों तो दो पेज तक रख सकते हैं।
क्या रिज्यूमे में फोटो लगाना जरूरी है?
नहीं, जब तक कंपनी खास तौर पर न मांगे।
स्रोत: नेशनल करियर सर्विस (NCS) पोर्टल, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय। जानकारी अक्टूबर 2026 तक की।





