संक्षेप में: UPSC सिविल सेवा परीक्षा के जरिये IAS, IPS, IFS और कई केंद्रीय सेवाओं में भर्ती होती है। यह परीक्षा तीन चरणों में होती है: प्रारंभिक परीक्षा, मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू। अंतिम मेरिट कुल 2,025 अंकों (मुख्य परीक्षा 1,750 और इंटरव्यू 275) पर बनती है। यहां समझिए परीक्षा पैटर्न, पात्रता और तैयारी की बुनियादी बातें।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा क्या है
संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) हर साल सिविल सेवा परीक्षा आयोजित करता है। इसके जरिये भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS), भारतीय पुलिस सेवा (IPS), भारतीय विदेश सेवा (IFS) और ग्रुप A व ग्रुप B की कई सेवाओं के अधिकारी चुने जाते हैं। UPSC सिविल सेवा परीक्षा की अधिसूचना, तारीखें और सिलेबस upsc.gov.in पर जारी होते हैं। हर साल की अधिसूचना जरूर पढ़ें, क्योंकि नियमों में बदलाव हो सकता है।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा की पात्रता: उम्र, शिक्षा और प्रयास
- शिक्षा: किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से स्नातक। अंतिम वर्ष के छात्र प्रारंभिक परीक्षा दे सकते हैं।
- उम्र: सामान्य वर्ग के लिए 21 से 32 साल। OBC को 3 साल और SC/ST को 5 साल की छूट मिलती है।
- प्रयास: सामान्य वर्ग के लिए 6, OBC के लिए 9 और SC/ST के लिए उम्र सीमा तक असीमित प्रयास।
दिव्यांग उम्मीदवारों और कुछ अन्य श्रेणियों के लिए अलग छूट है, जिसका विवरण अधिसूचना में दिया जाता है।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा: प्रारंभिक परीक्षा का पैटर्न
प्रारंभिक परीक्षा में दो वस्तुनिष्ठ पेपर होते हैं, दोनों 200-200 अंकों के:
- सामान्य अध्ययन पेपर-1: इतिहास, भूगोल, राजव्यवस्था, अर्थव्यवस्था, पर्यावरण, विज्ञान और करेंट अफेयर्स।
- CSAT (पेपर-2): समझ, तर्कशक्ति और बुनियादी गणित। यह क्वालिफाइंग है, इसमें 33 प्रतिशत अंक लाने जरूरी हैं।
मुख्य परीक्षा के लिए चयन केवल पेपर-1 के अंकों से होता है। गलत उत्तर पर नेगेटिव मार्किंग भी होती है।
मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू
मुख्य परीक्षा लिखित और वर्णनात्मक होती है। इसमें निबंध (250 अंक), सामान्य अध्ययन के चार पेपर (250-250 अंक) और वैकल्पिक विषय के दो पेपर (250-250 अंक) मिलाकर 1,750 अंक होते हैं। इसके अलावा एक भारतीय भाषा और अंग्रेजी के 300-300 अंकों के दो क्वालिफाइंग पेपर होते हैं, जिनके अंक मेरिट में नहीं जुड़ते। मुख्य परीक्षा में सफल उम्मीदवारों का 275 अंकों का व्यक्तित्व परीक्षण (इंटरव्यू) होता है। उम्मीदवार हिंदी समेत संविधान की आठवीं अनुसूची की भाषाओं में उत्तर लिख सकते हैं।
UPSC सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कैसे शुरू करें
- सबसे पहले आधिकारिक सिलेबस और पिछले वर्षों के प्रश्नपत्र upsc.gov.in से डाउनलोड करें।
- NCERT की किताबों से बुनियादी समझ बनाएं, फिर मानक किताबें पढ़ें।
- रोज अखबार पढ़ें और सरकारी योजनाओं व संवैधानिक विषयों के नोट्स बनाएं। हमारे राष्ट्रपति की शक्तियों और आदर्श आचार संहिता जैसे एक्सप्लेनर मदद कर सकते हैं।
- उत्तर लेखन का नियमित अभ्यास करें और मॉक टेस्ट दें।
सरकारी स्तर पर मुफ्त ऑनलाइन कोर्स के लिए यह गाइड भी देखें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
UPSC सिविल सेवा परीक्षा में कुल कितने अंक होते हैं?
अंतिम मेरिट 2,025 अंकों पर बनती है: मुख्य परीक्षा के 1,750 और इंटरव्यू के 275 अंक।
क्या हिंदी माध्यम से परीक्षा दे सकते हैं?
हां, मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू हिंदी में दिए जा सकते हैं। प्रारंभिक परीक्षा का पेपर हिंदी और अंग्रेजी दोनों में आता है।
क्या CSAT के अंक मेरिट में जुड़ते हैं?
नहीं। CSAT क्वालिफाइंग है, इसमें केवल 33 प्रतिशत अंक लाने होते हैं।
स्रोत: संघ लोक सेवा आयोग (सिविल सेवा परीक्षा नियम और अधिसूचना)। जानकारी अक्टूबर 2026 तक की।





