बैंक खाता खोलने, निवेश करने, बड़ी खरीदारी, आयकर रिटर्न भरने और नौकरी जैसे कई कामों में PAN यानी स्थायी खाता संख्या जरूरी है। जिनके पास अभी PAN नहीं है, उनके लिए आयकर विभाग ने आधार आधारित तुरंत ई-पैन की सुविधा दी है। यह मुफ्त है और कुछ ही मिनटों में बन जाता है। जानिए ई-पैन कार्ड कैसे बनाएं।
ई-पैन क्या है
ई-पैन PAN का डिजिटल रूप है, जो PDF फाइल के रूप में मिलता है। इसमें PAN नंबर, नाम, जन्म तारीख, फोटो और QR कोड होता है। यह फिजिकल PAN कार्ड की तरह ही मान्य है।

कौन बना सकता है
- जिसके पास पहले से कोई PAN नहीं है
- जिसके पास वैध आधार है
- जिसका आधार मोबाइल नंबर से जुड़ा है, क्योंकि OTP उसी पर आता है
- आधार में जन्म तारीख पूरी दर्ज हो, यानी दिन, महीना और साल
- आवेदक नाबालिग न हो
जिनका आधार मोबाइल से नहीं जुड़ा है, उन्हें पहले आधार केंद्र पर जाकर मोबाइल नंबर जुड़वाना होगा।
आवेदन कैसे करें
- आयकर विभाग के ई-फाइलिंग पोर्टल incometax.gov.in पर जाएं
- Instant E-PAN या आधार से तुरंत PAN वाला विकल्प चुनें
- नया ई-पैन पाने का विकल्प चुनें
- आधार नंबर डालें और शर्तें स्वीकार करें
- आधार से जुड़े मोबाइल पर आए OTP से पुष्टि करें
- आधार की जानकारी की पुष्टि करें, ईमेल जोड़ सकते हैं
- आवेदन जमा करने पर एक पावती संख्या मिलती है
कुछ ही समय में PAN बन जाता है और उसकी सूचना मोबाइल और ईमेल पर आती है।
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ई-पैन डाउनलोड
उसी पोर्टल पर स्थिति देखने या डाउनलोड करने के विकल्प में आधार नंबर डालकर OTP से ई-पैन PDF डाउनलोड किया जा सकता है। ईमेल दिया हो, तो ई-पैन ईमेल पर भी आता है।
फिजिकल PAN कार्ड
अगर प्लास्टिक का PAN कार्ड चाहिए, तो आयकर विभाग के अधिकृत सेवा प्रदाता Protean या UTIITSL की वेबसाइट पर तय शुल्क देकर इसके लिए आवेदन किया जा सकता है। कार्ड डाक से घर आता है।
आधार से नाम मेल न खाए तो
ई-पैन में जानकारी आधार से ली जाती है। इसलिए आधार में नाम, जन्म तारीख या फोटो में गलती हो, तो पहले आधार ठीक कराएं, फिर ई-पैन बनाएं।
एक से ज्यादा PAN नहीं
आयकर कानून के अनुसार एक व्यक्ति के पास एक ही PAN हो सकता है। एक से ज्यादा PAN रखने पर जुर्माना लग सकता है। अगर गलती से दो PAN बन गए हैं, तो एक को सरेंडर करें।
सुरक्षा
- PAN और आधार की कॉपी हर जगह न दें, जरूरत हो तो उस पर उद्देश्य और तारीख लिखें
- ई-पैन बनवाने के नाम पर पैसे मांगने वाली वेबसाइट और एजेंटों से सावधान रहें, आयकर पोर्टल पर यह सुविधा मुफ्त है
- आधार OTP किसी को न बताएं
क्या नाबालिग का PAN बन सकता है?
नाबालिग के लिए आधार आधारित तुरंत ई-पैन की सुविधा नहीं है। उनके लिए माता-पिता की ओर से सामान्य आवेदन फॉर्म से PAN बनता है।
स्रोत: आयकर विभाग, भारत सरकार: ई-फाइलिंग पोर्टल। जानकारी अक्टूबर 2026 तक की।





