त्योहारों पर घर के दरवाजे पर बनी रंगोली मेहमानों का स्वागत करती है और पूरे घर में उत्सव का माहौल बना देती है। रंगोली भारत की पुरानी लोक कला है, जिसे अलग-अलग राज्यों में अलग नामों से जाना जाता है, जैसे दक्षिण में कोलम, बंगाल में अल्पना और राजस्थान में मांडना। दशहरे से दिवाली तक के त्योहारी मौसम में रंगोली की मांग सबसे ज्यादा होती है। जानिए आसान रंगोली कैसे बनाएं।
जगह और डिजाइन चुनें
रंगोली के लिए ऐसी जगह चुनें, जहां लोग बार-बार न चलें, जैसे दरवाजे के एक तरफ, पूजा स्थान के पास या आंगन का कोना। जमीन साफ और सूखी हो। शुरुआत करने वाले छोटे और गोल डिजाइन चुनें, जैसे फूल, दीया या स्वास्तिक के साथ बेल। बहुत बारीक डिजाइन पहली बार में मुश्किल लग सकते हैं।

आउटलाइन बनाने के आसान तरीके
- चॉक या सफेद रंगोली से पहले हल्की आउटलाइन बनाएं, गलती हो तो पोंछ सकते हैं
- डॉट ग्रिड तकनीक में बराबर दूरी पर बिंदु बनाकर उन्हें जोड़ते हुए डिजाइन बनता है, यह कोलम की पारंपरिक तकनीक है
- गोल डिजाइन के लिए धागे और चॉक से परकार की तरह घेरा बनाएं
- चूड़ी, कटोरी या ढक्कन से छोटे गोले बनाएं
- बाजार में मिलने वाले रंगोली स्टेंसिल भी शुरुआत के लिए अच्छे हैं
रंग भरने का तरीका
रंगोली के रंग को अंगूठे और तर्जनी के बीच चुटकी में लेकर धीरे-धीरे गिराएं। पहले बीच के हिस्से में रंग भरें, फिर बाहर की ओर बढ़ें, ताकि भरे हुए हिस्से पर हाथ न लगे। गहरे रंग के पास हल्का रंग रखने से डिजाइन ज्यादा उभरता है। किनारों को साफ बनाने के लिए सफेद रंग की पतली लाइन बनाएं। छन्नी या चाय की छलनी से रंग छिड़कने पर बैकग्राउंड एकसार बनता है।
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प्राकृतिक सामग्री से रंगोली
अगर आप केमिकल रंगों से बचना चाहते हैं, तो प्राकृतिक चीजों से भी सुंदर रंगोली बन सकती है:
- गेंदा, गुलाब और गुलदाउदी के फूलों की पंखुड़ियां
- आम या अशोक के पत्ते
- चावल का आटा, जिसे पारंपरिक कोलम में इस्तेमाल किया जाता है
- हल्दी, कुमकुम और रंगीन दालें
चावल के आटे वाली रंगोली चींटियों और पक्षियों के लिए भोजन भी बनती है, जिसे परंपरा में शुभ माना जाता है।
रंगोली को सुंदर बनाए रखने के टिप्स
रंगोली के आसपास दीये रखें, लेकिन दीयों को रंग से थोड़ा दूर रखें और कपड़ों का ध्यान रखें। हवा वाली जगह पर रंगोली के किनारे फूलों से घेर दें। रंगोली बनाने के बाद छोटे बच्चों और पालतू जानवरों को उससे दूर रखें। कुछ रंगों से त्वचा पर जलन हो सकती है, इसलिए संवेदनशील त्वचा वाले लोग दस्ताने पहन सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
रंगोली कितनी देर में बन जाती है?
छोटी और आसान रंगोली 20 से 40 मिनट में बन जाती है, बड़े डिजाइन में कुछ घंटे लग सकते हैं।
स्रोत: संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार। जानकारी अक्टूबर 2026 तक की।





