Bigg Boss 20: बिग बॉस 20 के मंगलवार वाले एपिसोड में घर के अंदर कई घटनाएं एक साथ घटीं। शुरुआत आम्रपाली दुबे और माही विज के बीच किचन को लेकर हुई छोटी सी बहस से हुई जो जल्दी ही तीखी हो गई। इसके बाद आम्रपाली ने भोजपुरी इंडस्ट्री के दो दिग्गज कलाकारों मनोज तिवारी और रवि किशन की पुरानी राइवलरी का एक दिलचस्प किस्सा सुनाया। उसी एपिसोड में कैप्टेंसी टास्क के दौरान अरिश्फा खान और स्काउट के बीच भी तीखी नोकझोंक देखने को मिली। पूरा एपिसोड घरवालों की आपसी रंजिश और पुरानी यादों के इर्दगिर्द घूमता रहा।

Bigg Boss 20: किचन विवाद से शुरू हुआ एपिसोड

मंगलवार के एपिसोड की शुरुआत किचन में हुई एक छोटी सी बात से हुई। आम्रपाली दुबे खाना बना रही थीं तभी माही विज की तरफ से दखल की शिकायत उठी। आम्रपाली ने साफ कहा कि जब वह किचन में काम कर रही हों तो कोई बीच में न आए। यह मामला जल्दी ही दोनों के आमने-सामने खड़े होने तक पहुंच गया। घर के बाकी सदस्य इस बहस को देख रहे थे। बाद में यह विवाद शांत हुआ लेकिन माहौल पहले से ज्यादा तनावपूर्ण हो गया था।

आम्रपाली ने सुनाया पुराना किस्सा

किचन वाली बहस के बाद आम्रपाली दुबे ने मनोज तिवारी की बेटी रीति तिवारी से बात करते हुए एक पुराना किस्सा सुनाया। उन्होंने बताया कि एक फिल्म की शूटिंग के दौरान मनोज तिवारी पुलिस का किरदार निभा रहे थे और रवि किशन गुंडे का। दोनों के बीच फाइट सीक्वेंस था लेकिन पूरा दिन शूटिंग रुक गई। वजह यह थी कि पहला पंच कौन मारेगा इस बात पर दोनों अड़ गए थे। मनोज तिवारी का कहना था कि पुलिस आई है तो पहले पुलिस ही मारेगी।

Bigg Boss 20: रवि किशन का तर्क और शूटिंग का रुकाव

रवि किशन ने इसका जवाब दिया कि उनके डायलॉग में कहा गया है कि उनके बिना यहां का पत्ता भी नहीं हिलता। ऐसे में उन्हें कोई कैसे मार सकता है। दोनों अपनी-अपनी बात पर अड़े रहे और घंटों शूटिंग आगे नहीं बढ़ सकी। पूरा यूनिट इंतजार कर रहा था। आम्रपाली ने यह किस्सा बड़े सहज अंदाज में सुनाया जिससे घरवाले भी हैरान रह गए। भोजपुरी इंडस्ट्री में उस समय दोनों कलाकारों के बीच राइवलरी की चर्चा आम थी।

दिनेश लाल यादव ने निकाला रास्ता

जब शूटिंग काफी देर तक रुकी रही तब बीच में निरहुआ यानी दिनेश लाल यादव आए। उन्होंने सुझाव दिया कि वह दोनों के बीच में आएंगे और रोकने की कोशिश करेंगे। दोनों का पंच उन्हें लगेगा उसके बाद दोनों लड़ सकते हैं। इस प्रस्ताव पर सभी राहत महसूस करने लगे। यूनिट के लोग दिनेश लाल यादव की इस सूझबूझ की तारीफ करने लगे। आम्रपाली ने बताया कि इसके बाद शूटिंग आगे बढ़ सकी।

Bigg Boss 20: कैप्टेंसी टास्क में बंटी टीमें

Bigg Boss 20किस्सा सुनाने के बाद घर में कैप्टेंसी टास्क शुरू हुआ। घरवालों को दो टीमों में बांटा गया। एक महिला टीम और एक पुरुष टीम बनाई गई। पहले राउंड में ही माहौल गरमाने लगा। टास्क के दौरान अरिश्फा खान और स्काउट के बीच तीखी बहस छिड़ गई। अरिश्फा ने स्काउट के गेमिंग प्रोफेशन पर सवाल उठाए। स्काउट ने जवाब में अरिश्फा को टिकटॉक वीडियो में डांस करने वाली कहा।

युंग का समर्थन और ईशा की दखल

बहस बढ़ते ही युंग भी स्काउट के समर्थन में आ गए और अरिश्फा से उलझ गए। घर का माहौल अचानक काफी गर्म हो गया। ईशा रिखी ने स्काउट को चुप रहने की सलाह दी। इस बात से स्काउट को बुरा लगा और वह भावुक हो गए। थोड़ी देर बाद स्काउट कैमरे के सामने आए और बोले कि अगर वह गलत हैं तो उन्हें घर से निकाल दिया जाए। अगर दूसरी तरफ गलती है तो बाकी लोग जानते हैं कि क्या करना है।

घर के अंदर बढ़ता तनाव

इस पूरे घटनाक्रम से साफ दिखा कि बिग बॉस 20 के घर में छोटे-छोटे मुद्दे भी बड़ी बहस का रूप ले रहे हैं। किचन विवाद हो या कैप्टेंसी टास्क की नोकझोंक दोनों ही घरवालों के बीच दूरी बढ़ा रहे हैं। आम्रपाली दुबे का मनोज तिवारी और रवि किशन वाला किस्सा हालांकि हल्का-फुल्का था लेकिन उसने पुरानी इंडस्ट्री की राइवलरी को फिर याद दिला दिया। दर्शक इन घटनाओं को लेकर काफी चर्चा कर रहे हैं।

Bigg Boss 20: भोजपुरी स्टार्स और राजनीति का जुड़ाव

मनोज तिवारी और रवि किशन दोनों भोजपुरी सिनेमा के बड़े नाम रहे हैं और अब राजनीति में भी सक्रिय हैं। आम्रपाली दुबे का यह किस्सा उस दौर की याद दिलाता है जब दोनों के बीच स्क्रीन पर भी और बाहर भी प्रतिस्पर्धा की बातें होती थीं। निरहुआ का बीच-बचाव वाला किरदार उस समय की व्यावहारिक सोच को दर्शाता है। घर के अंदर यह कहानी सुनकर कई सदस्य मुस्कुराए भी।

बिग बॉस 20 का यह एपिसोड एक बार फिर साबित करता है कि घर के अंदर छोटी बातें भी बड़े विवाद का कारण बन सकती हैं। आम्रपाली दुबे का पुराना किस्सा जहां मनोरंजन देता है वहीं कैप्टेंसी टास्क में हुई बहस घर की सियासत को सामने लाती है। आगे के एपिसोड में इन रिश्तों का क्या रूप होगा यह देखने वाली बात होगी। घरवाले एक-दूसरे पर नजर रखे हुए हैं और छोटे मुद्दे भी अब आसानी से सुलझते नहीं दिख रहे।

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